📅 12 मार्च 2026 | नई दिल्ली
पश्चिम एशिया संकट से भारत की ऊर्जा आपूर्ति पर गहरा असर
पश्चिम एशिया में अमेरिका-इज़राइल और ईरान के बीच छिड़े युद्ध ने भारत की ऊर्जा सुरक्षा पर सीधा हमला किया है। पहले LPG (रसोई गैस) की किल्लत ने आम आदमी की रसोई तक पहुँचकर परेशान किया, और अब पेट्रोल-डीजल की कीमतों में उछाल की आशंका ने देशभर में हलचल मचा दी है।
LPG संकट: रसोई से लेकर कोर्ट की कैंटीन तक असर
गैस संकट की वजह क्या है?
भारत अपनी कुल LPG ज़रूरत का लगभग 60% आयात करता है, और उस आयात का करीब 90% हिस्सा होर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से होकर आता है। युद्ध की वजह से इस जलमार्ग पर आवाजाही बुरी तरह प्रभावित हुई है, जिससे साप्ताहिक आयात में लगभग 30% की गिरावट दर्ज की गई है।

होर्मुज़ संकट ने भारत की ऊर्जा आपूर्ति को हिला दिया —
LPG ₹913, कच्चा तेल $119 और पेट्रोल पंप पर लंबी लाइनें।
जानिए क्या है सच्चाई और सरकार क्या कर रही है।
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क्या हुआ असर?
- दिल्ली में 14.2 किलो के घरेलू LPG सिलेंडर की कीमत ₹60 बढ़कर ₹913 हो गई
- 19 किलो के कमर्शियल सिलेंडर की कीमत में ₹115 की बढ़ोतरी
- दिल्ली हाईकोर्ट की कैंटीन में गैस की कमी के चलते मुख्य भोजन की सेवा बंद
- होटल, रेस्तरां और ढाबों पर ताले लटकने की नौबत आई
- तमिलनाडु में अकेले 10,000 से ज़्यादा प्रतिष्ठानों के बंद होने की आशंका
पेट्रोल-डीजल: अभी स्थिर, लेकिन खतरा बरकरार
12 मार्च 2026 को दिल्ली में ईंधन के दाम:
| ईंधन | कीमत (प्रति लीटर) |
|---|---|
| पेट्रोल | ₹94.77 |
| डीजल | ₹87.67 |
फिलहाल पेट्रोल-डीजल की कीमतें स्थिर हैं, लेकिन वैश्विक कच्चे तेल के बाजार में भारी उथल-पुथल मची है। ब्रेंट क्रूड इंट्राडे में $119.50 प्रति बैरल तक पहुँच गया — जो मध्य 2022 के बाद का सबसे बड़ा एक-दिवसीय उछाल है।
सरकारी सूत्रों के अनुसार, पेट्रोल-डीजल की कीमतें तभी बढ़ाई जाएंगी जब कच्चे तेल का भाव $130 प्रति बैरल की सीमा पार करे।
सरकार की कार्रवाई
केंद्र सरकार ने संकट से निपटने के लिए कई अहम कदम उठाए हैं:
उत्पादन बढ़ाया घरेलू LPG उत्पादन में 25% की वृद्धि की गई है। सभी C3 और C4 हाइड्रोकार्बन धाराओं को LPG पूल में मोड़ा गया है।
आवश्यक वस्तु अधिनियम लागू Essential Commodities Act 1955 के तहत पेट्रोलियम उत्पादों की वितरण व्यवस्था पर सख्त नज़र रखी जा रही है।
बुकिंग नियम कड़े घरेलू उपभोक्ताओं के लिए LPG बुकिंग के बीच न्यूनतम अंतर 21 दिन से बढ़ाकर 25 दिन किया गया।
प्राथमिकता तय अस्पतालों और शिक्षण संस्थानों को कमर्शियल LPG आपूर्ति में प्राथमिकता दी जा रही है।
विविध आयात स्रोत भारत अब 40 से अधिक देशों से कच्चा तेल आयात करता है। अब 70% क्रूड आयात होर्मुज़ के बाहर के मार्गों से हो रहा है — जो पहले 55% था।
PM मोदी का बयान
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जनता से शांत रहने की अपील की है। उन्होंने कहा कि सरकार हर नागरिक की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और खाड़ी देशों में रह रहे करीब 1 करोड़ भारतीयों की सुरक्षा के लिए मिशन और दूतावास 24/7 काम कर रहे हैं।
बाज़ार और राजनीति पर असर
- सेंसेक्स 11 मार्च को 1,300 से अधिक अंक टूटा, निफ्टी 23,866 पर बंद हुआ
- इंडक्शन कुकटॉप बनाने वाली कंपनियों TTK Prestige और Stove Kraft के शेयर 15% उछले
- विपक्ष ने संसद में सरकार को घेरा — कांग्रेस ने ईंधन की बढ़ती कीमतों को लेकर नारेबाजी की
- AAP नेता अरविंद केजरीवाल ने दावा किया कि देश में LPG का दैनिक उत्पादन करीब 50% कम हो गया है
विशेषज्ञों की राय
ऊर्जा विशेषज्ञों का कहना है कि अगर पश्चिम एशिया में तनाव लंबा खिंचता है, तो भारत में ईंधन की कीमतें और बढ़ सकती हैं। होर्मुज़ जलडमरूमध्य दुनिया की 50% तेल आपूर्ति का मार्ग है — इसके बंद रहने से वैश्विक ऊर्जा बाज़ार में अनिश्चितता बनी रहेगी।
कनाडा ने इस संकट के बीच भारत को एक बड़ा प्रस्ताव दिया है — जो मध्य पूर्व पर भारत की निर्भरता कम करने में सहायक हो सकता है।
आगे क्या?
सरकार ने संकेत दिया है कि दो LNG कार्गो जहाज़ रास्ते में हैं जो जल्द ही भारत पहुँचेंगे। साथ ही होर्मुज़ जलडमरूमध्य के 2-3 सप्ताह में आंशिक रूप से खुलने की संभावना जताई जा रही है।
फिलहाल सरकार उपभोक्ताओं को राहत देने के लिए LPG मूल्य वृद्धि का एक बड़ा हिस्सा खुद वहन कर रही है। सऊदी कॉन्ट्रैक्ट प्राइस जुलाई 2023 से अब तक 41% बढ़ चुकी है, लेकिन भारत में LPG की कीमतें अभी भी कई देशों की तुलना में कम हैं।
📌 नोट: पेट्रोल पंप पर घबराहट में खरीदारी न करें। जिला आपूर्ति अधिकारी के अनुसार नोएडा समेत कई इलाकों में आपूर्ति सामान्य है। सरकार स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।
खुशालाल प्रजापति द्वार लिखा गया।
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