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देश की सबसे बड़ी आईटी कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) ने अपने सभी कर्मचारियों को मध्य पूर्व क्षेत्र में आवश्यक यात्रा से बचने और स्थानीय अधिकारियों के दिशानिर्देशों का पालन करने को कहा है।
नई दिल्लीः टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) ने मध्य पूर्व में तेज़ी से बिगड़ती भू-राजनीतिक स्थिति के मद्देनज़र अपने कर्मचारियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए एक महत्वपूर्ण एडवाइजरी जारी की है। कंपनी ने अपने आंतरिक पोर्टल Ultimatix पर एक नोटिस जारी करते हुए सभी कर्मचारियों (एसोसिएट्स) को घर के भीतर रहने, गैर-जरूरी यात्रा से बचने और स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का “कड़ाई से पालन” करने का आदेश दिया है।

कंपनी ने एडवाइजरी में कहा है: “TCS ने पश्चिम एशिया क्षेत्र से आने-जाने वाली सभी यात्राओं को निलंबित कर दिया है, जिसमें ट्रांजिट भी शामिल है। कई देशों में एयरस्पेस बंद रहने के कारण यह निर्णय लिया गया है।” साथ ही कंपनी ने बताया कि प्रभावित और सीमावर्ती क्षेत्रों में काम कर रहे कर्मचारियों से प्राथमिकता के आधार पर संपर्क किया जा रहा है और भारतीय दूतावास के साथ मिलकर स्थिति पर नज़र रखी जा रही है।
संघर्ष की पृष्ठभूमि
यह संकट तब उत्पन्न हुआ जब अमेरिका और इज़राइल के संयुक्त सैन्य अभियान के बाद ईरान ने पूरे क्षेत्र में जवाबी कार्रवाई की। इससे ईरान, इज़राइल, क़तर, कुवैत और संयुक्त अरब अमीरात सहित कई देशों का एयरस्पेस नागरिक उड़ानों के लिए बंद हो गया। इससे दुबई इंटरनेशनल, हमद इंटरनेशनल (दोहा) और ज़ायद इंटरनेशनल जैसे बड़े हवाई अड्डों पर परिचालन गंभीर रूप से प्रभावित हुआ।
भारतीय विमानन कंपनियों एयर इंडिया और इंडिगो ने एयरस्पेस प्रतिबंधों के कारण मध्य पूर्व की सभी उड़ानें अस्थायी रूप से रोक दी हैं। अकेले 1 मार्च, 2026 को भारतीय एयरलाइनों की लगभग 350 उड़ानें प्रभावित हुईं।
IT कंपनियों का व्यापक प्रभाव
TCS अकेली कंपनी नहीं है जिसने यह कदम उठाया है। Infosys ने कर्मचारियों को क्षेत्र में गैर-जरूरी यात्रा से “कड़ाई से बचने” की सलाह दी है। Wipro ने भी एक आंतरिक एडवाइजरी जारी कर कर्मचारियों को स्थानीय दिशानिर्देशों का पालन करने और इस क्षेत्र के 11 देशों की यात्रा न करने को कहा है क्योंकि वहाँ एयरस्पेस और हवाई अड्डे बंद हैं। LTIMindtree (पूर्व में LTI Mindtree) ने भी कर्मचारियों को सतर्क रहने और यात्रा से बचने की सलाह दी है।
TCS की मध्य पूर्व में उपस्थिति
TCS के MENA (मध्य पूर्व और उत्तरी अफ्रीका) क्षेत्र में लगभग 9,110 कर्मचारी कार्यरत हैं और यह कंपनी वहाँ 150 से अधिक क्लाइंट्स को सेवाएं देती है। वित्तीय दृष्टि से, पश्चिम एशिया और अफ्रीका TCS के कुल राजस्व का 2.3 प्रतिशत हिस्सा हैं। यात्रा पर लगी इस रोक से ऑन-साइट क्लाइंट सेवाओं में व्यवधान आने की आशंका है।
वर्तमान में TCS का शेयर मूल्य ₹2,637.40 (1 मार्च, 2026 तक) है, जो भू-राजनीतिक अनिश्चितता के कारण चुनौतीपूर्ण बाज़ार माहौल को दर्शाता है।
वैश्विक विमानन पर असर
यूरोपीय एयरलाइनें – Lufthansa, Air France-KLM, और British Airways ने भी मध्य पूर्व के प्रमुख हब्स पर उड़ानें रोक दी हैं। खाड़ी देशों की एयरलाइनें जैसे Qatar Airways और Emirates भी परिचालन बाधित होने से प्रभावित हुई हैं। यह क्षेत्र यूरोप और एशिया को जोड़ने वाला एक महत्वपूर्ण ट्रांजिट कॉरिडोर है, इसलिए इसके बंद होने से वैश्विक उड़ान कार्यक्रम पर दूरगामी प्रभाव पड़ रहा है।
TCS की प्रतिक्रिया इस बात का उदाहरण है कि बड़ी बहुराष्ट्रीय कंपनियाँ अस्थिर क्षेत्रों में अपने कर्मचारियों की सुरक्षा को व्यावसायिक निरंतरता से ऊपर रखती हैं। स्थिति अभी भी तेज़ी से बदल रही है और कर्मचारियों को सलाह दी गई है कि वे स्थानीय अधिकारियों और कंपनी के आंतरिक संचार पर नज़र बनाए रखें।
खुशालाल प्रजापति द्वार लिखा गया।
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